रेमडेसिविर इंजेक्शन के लिए नहीं होगी मारामारी, सरकार ने तय की

 



नई दिल्ली: कोरोना के बढ़ते मामलों के चलते देश में हाहाकार मचा हुआ है। तेजी से बढ़ते संक्रमण के चलते ना केवल अस्पतालों में बेड्स की कमी होने लगी है, बल्कि महामारी के इलाज में इस्तेमाल होने वाले रेमडेसिविर इंजेक्शन की भी कमी होने लगी है। देश के कई हिस्सों में रेमडेसिविर इंजेक्शन के लिए लोग परेशान हो रहे है। ऐसे में इसके कालाबाजारी की भी ख़बरें आ रही है। इंजेक्शन की कमी को देखते हुए कुछ लोग इसे महंगे दामों में बेच रहे हैं।
 
घरेलु बाजार में इसकी ना हो इसके लिए बुधवार को भारत सरकार ने रेमडेसिविर दवा के उत्पादन, आपूर्ति को बढ़ाने का फैसला किया है। भारत सरकार ने 6 कंपनियों को रेमडेसिविर इंजेक्शन के प्रोडक्शन की मंजूरी दे दी है। इसके साथ ही इंजेक्शन की कालाबाजारी पर रोक लगाने के लिए इसकी कीमत भी तय कर दी है। केंद्र सरकार ने रेमडेसिविर इंजेक्शन की कीमत 3500 रूपये तय कर दी है।

केंद्रीय मंत्री मनसुख मंडाविया ने कहा कि भारत सरकार ने रेमडेसिवीर दवा के उत्पादन, आपूर्ति को बढ़ाने का फैसला किया है। इससे विनिर्माण क्षमता लगभग 80 लाख प्रति माह तक बढ़ जाएगी। इस सप्ताह के अंत तक रेमडेसिविर के निर्माता को मूल्य को कम करके 3500 रुपये से कम करने को कहा गया है।

 

Comments